
Directions (1-15): नीचे दिए गए गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़िए और उस पर आधारित नीचे
दिए गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए।
दिए गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए।
किस प्रकार माता–पिता अपने बच्चों में रचनात्मक क्षमता और कल्पनाशीलता को
बरकरार रखें, यह एक महत्त्वपूर्ण सवाल है। दो वर्ष से छः वर्ष
तक के बच्चे बेहद कल्पनाशील होते हैं। माता–पिता
को चाहिए कि वे बच्चे की रचनात्मक क्षमता को विकसित करने के लिए घर के भीतर का माहौल
बच्चे के अनुकूल बनाएँ। विभिन्न प्रयासों से यह बात साबित हो चुकी है कि जिन
बच्चों को रंगों, आकारों, विचारों से अधिकाधिक परिचित कराया जाता है और प्रारंभ से ही जिनके व्यक्तित्व
का विस्तार देने के लिए प्रयास किया जाता है वे बच्चे स्कूल में भी बेहतर प्रदर्शन
करते हैं।
बरकरार रखें, यह एक महत्त्वपूर्ण सवाल है। दो वर्ष से छः वर्ष
तक के बच्चे बेहद कल्पनाशील होते हैं। माता–पिता
को चाहिए कि वे बच्चे की रचनात्मक क्षमता को विकसित करने के लिए घर के भीतर का माहौल
बच्चे के अनुकूल बनाएँ। विभिन्न प्रयासों से यह बात साबित हो चुकी है कि जिन
बच्चों को रंगों, आकारों, विचारों से अधिकाधिक परिचित कराया जाता है और प्रारंभ से ही जिनके व्यक्तित्व
का विस्तार देने के लिए प्रयास किया जाता है वे बच्चे स्कूल में भी बेहतर प्रदर्शन
करते हैं।
छोटे बच्चे की रचनात्मकता
को विकसित करने के लिए महंगे खिलौने जरूरी नही हैं। घर में मौजूद हर समान बच्चों
की रचनात्मक क्षमता को बढ़ाने में सहायक हो सकता है। संगीत सिखाने के लिए जरूरी
नहीं कि बच्चे को पियानो, गिटार ही खिलौने के रूप में खेलने के लिए दिए
जाएँ। रसोई में मौजूद थाली और चम्मच भी बच्चे के लिए मनोरंजन का पर्याय हो सकते
हैं। बच्चो को दिए जाने वाले खिलौने भले ही कितने मंहगे, आकर्षक क्यों न हों बच्चे उनसे बहुत जल्दी ही ऊब जाते हैं।
माता-पिता भी हर वो सुलभ चीज बच्चों को उपलब्ध कराएँ जिससे बच्चे के भीतर की जिज्ञासाएँ, रोमांच उनमें छिपी रचनात्मक क्षमता को विस्तार मिले। गत्ते
से बना जूता या किसी और चीज का डिब्बा भी बच्चे के लिए उसकी कार या उसकी बस बन
सकती है। प्लास्टिक का खाली मजबूत कवर उसकी नाव बन सकती है। बच्चा उस नाव को पानी
के टब में तैराने का खेल घंटों तक खेल सकता है। इसमें बच्चों को बोरियत भी महसूस
नहीं होती। बच्चा अपनी कल्पनाशीलता से उसे नए-नए आयाम देकर उससे अपना मन बहलाव
करता है।
को विकसित करने के लिए महंगे खिलौने जरूरी नही हैं। घर में मौजूद हर समान बच्चों
की रचनात्मक क्षमता को बढ़ाने में सहायक हो सकता है। संगीत सिखाने के लिए जरूरी
नहीं कि बच्चे को पियानो, गिटार ही खिलौने के रूप में खेलने के लिए दिए
जाएँ। रसोई में मौजूद थाली और चम्मच भी बच्चे के लिए मनोरंजन का पर्याय हो सकते
हैं। बच्चो को दिए जाने वाले खिलौने भले ही कितने मंहगे, आकर्षक क्यों न हों बच्चे उनसे बहुत जल्दी ही ऊब जाते हैं।
माता-पिता भी हर वो सुलभ चीज बच्चों को उपलब्ध कराएँ जिससे बच्चे के भीतर की जिज्ञासाएँ, रोमांच उनमें छिपी रचनात्मक क्षमता को विस्तार मिले। गत्ते
से बना जूता या किसी और चीज का डिब्बा भी बच्चे के लिए उसकी कार या उसकी बस बन
सकती है। प्लास्टिक का खाली मजबूत कवर उसकी नाव बन सकती है। बच्चा उस नाव को पानी
के टब में तैराने का खेल घंटों तक खेल सकता है। इसमें बच्चों को बोरियत भी महसूस
नहीं होती। बच्चा अपनी कल्पनाशीलता से उसे नए-नए आयाम देकर उससे अपना मन बहलाव
करता है।
घर से बाहर की दुनिया भी
बच्चों के भीतर की रचनात्मकता को बढ़ाती है। पार्क में पक्षियों का कलरव बच्चों को
मधुर स्वरों से परिचित कराता है। सड़क पर चलने वाले वाहनों का भार भी बच्चों को विभिन्न
ध्वनियों से अवगत कराता है। बच्चों को दिन में अलग-अलग समय में सड़क पर पैदल चलाने
से उसे अलग-अलग चीजों से परिचित कराते हैं। बच्चों के साथ इन तमाम विषयों पर गहन
बातचीत उनका ज्ञान वर्धन करने में सहायक साबित हो सकती है।
बच्चों के भीतर की रचनात्मकता को बढ़ाती है। पार्क में पक्षियों का कलरव बच्चों को
मधुर स्वरों से परिचित कराता है। सड़क पर चलने वाले वाहनों का भार भी बच्चों को विभिन्न
ध्वनियों से अवगत कराता है। बच्चों को दिन में अलग-अलग समय में सड़क पर पैदल चलाने
से उसे अलग-अलग चीजों से परिचित कराते हैं। बच्चों के साथ इन तमाम विषयों पर गहन
बातचीत उनका ज्ञान वर्धन करने में सहायक साबित हो सकती है।
बच्चों द्वारा बड़ो से
प्रश्न पूछना आम सहज स्वाभाविक क्रिया है। बच्चों से यदि अपने आसपास की गतिविधियों, पर्यावरण और अन्य विषयों से संबधित प्रश्न पूछे जाएँ तो
बच्चे उनका उत्तर अपनी कल्पनाशक्ति के द्वारा देते हैं। बच्चों की रचनात्मकता को
इससे नए-नए आयाम मिलने की पूरी संभावना रहती है। मसलन ‘पानी’ का हमारे दैनिक जीवन
में क्या उपयोग है? पानी के स्रोत क्या होते हैं? इस तरह के तमाम प्रश्न बच्चों को अपनी कल्पनाशक्ति के घोड़े
दौड़ाने में सहायक होते हैं।
प्रश्न पूछना आम सहज स्वाभाविक क्रिया है। बच्चों से यदि अपने आसपास की गतिविधियों, पर्यावरण और अन्य विषयों से संबधित प्रश्न पूछे जाएँ तो
बच्चे उनका उत्तर अपनी कल्पनाशक्ति के द्वारा देते हैं। बच्चों की रचनात्मकता को
इससे नए-नए आयाम मिलने की पूरी संभावना रहती है। मसलन ‘पानी’ का हमारे दैनिक जीवन
में क्या उपयोग है? पानी के स्रोत क्या होते हैं? इस तरह के तमाम प्रश्न बच्चों को अपनी कल्पनाशक्ति के घोड़े
दौड़ाने में सहायक होते हैं।
Q1. किस उम्र के बच्चों में
कल्पनाशीलता सर्वाधिक पायी जाती है ?
कल्पनाशीलता सर्वाधिक पायी जाती है ?
(a) एक से तीन
(b) दो से चार
(c) दो से पाँच
(d) दो से छः
(e) एक से छः
Q2. माता–पिता
को चाहिए कि वे बच्चे की रचनात्मक क्षमता को विकसित करने के लिए घर के भीतर का माहौल
बच्चे के अनुकूल बनाएँ – इस वाक्य में प्रयुक्त ‘माहौल’ शब्द का प्रयोग नहीं करना हो तो कौन–सा शब्द उसकी जगह सटीक बैठता है ?
को चाहिए कि वे बच्चे की रचनात्मक क्षमता को विकसित करने के लिए घर के भीतर का माहौल
बच्चे के अनुकूल बनाएँ – इस वाक्य में प्रयुक्त ‘माहौल’ शब्द का प्रयोग नहीं करना हो तो कौन–सा शब्द उसकी जगह सटीक बैठता है ?
(a) स्थिति
(b) वातावरण
(c) परिस्थिति
(d) कार्यक्रम
(e) पर्यावरण
Q3. उपर्युक्त गद्यांश को किसके अंतर्गत
रखा जा सकता है ?
रखा जा सकता है ?
(a) रेखाचित्र
(b) संस्मरण
(c) यात्रा वृत्तांत
(d) कहानी
(e) इनमें से कोई नहीं
Q4. छोटे बच्चे की रचनात्मकता को
विकसित करने के लिए क्या जरूरी है ?
विकसित करने के लिए क्या जरूरी है ?
(a) शहर में उपलब्ध महँगे
विद्यालय
विद्यालय
(b) घर में उपलब्ध महँगे खिलौने
(c) घर में उपलब्ध महँगे कपड़े
(d) घर में उपलब्ध प्रत्येक सामान
(e) उपर्युक्त सभी
Q5. गद्यांश में प्रयुक्त ‘पर्याय’
का समानर्थी है-
का समानर्थी है-
(a) पर्याप्त
(b) प्रतिकूल
(c) विकल्प
(d) बेहतर
(e) बेमिसाल
Q6. गद्यांश में प्रयुक्त ‘रचनात्मक’
को विलोमार्थक शब्द है-
को विलोमार्थक शब्द है-
(a) सृजनात्मक
(b) प्रयोगात्मक
(c) सकारात्मक
(d) विकासात्मक
(e) विध्वंसात्मक
Q7. गद्यांश में प्रयुक्त ‘घर
से बाहर की दुनिया’ से लेखक का क्या तात्पर्य है ?
से बाहर की दुनिया’ से लेखक का क्या तात्पर्य है ?
(a) पेड़-पौधे
(b) पशु-पक्षी
(c) सड़क
(d) वाहन
(e) उपर्युक्त सभी
Q8. बच्चों के संदर्भ में गद्यांश
में प्रयुक्त ‘कल्पनाशक्ति के घोड़े दौड़ाने’ के लिए क्या प्रयुक्त हो
सकता है ?
में प्रयुक्त ‘कल्पनाशक्ति के घोड़े दौड़ाने’ के लिए क्या प्रयुक्त हो
सकता है ?
(a) सोचना–विचारना
(b) खेलना–कूदना
(c) हँसना-रोना
(d) रूठना-मानना
(e) उपर्युक्त सभी
Q9. बच्चों के ज्ञानवर्द्धन के
लिए क्या आवश्यक नहीं है ?
लिए क्या आवश्यक नहीं है ?
(a) उनका सोचना
(b) उनसे बातचीत
(c) उनकी उत्सुकता
(d) उनकी बातें मानना
(e) इनमें से कोई नहीं
Q10. किस प्रकार के बच्चे स्कूल
में अच्छा प्रदर्शन करते हैं ?
में अच्छा प्रदर्शन करते हैं ?
(a) जिनके व्यक्तित्व को विस्तार
देने का प्रयास किया जाता है
देने का प्रयास किया जाता है
(b) जिनको उच्च स्तरीय वातावरण
में पाला-पोसा जाता है
में पाला-पोसा जाता है
(c) जिनका लालन-पालन लाड़-प्यार से
किया जाता है
किया जाता है
(d) जिनको सख्त अनुशासन में रखा
जाता है
जाता है
(e) जिनको रोज गृहकार्य पूरा करने
के लिए कहा जाता है
के लिए कहा जाता है
Q11. गद्यांश के अनुसार बच्चों को
मधुर ध्वनियों से परिचित कराने का सबसे सरल एवं प्रभावी माध्यम क्या हो सकता है ?
मधुर ध्वनियों से परिचित कराने का सबसे सरल एवं प्रभावी माध्यम क्या हो सकता है ?
(a) पियानो की धुन सुनना
(b) गिटार की धुन सुनना
(c) सड़कों पर
गाड़ियों की आवाज सुनना
गाड़ियों की आवाज सुनना
(d) बगीचे में पक्षियों की आवाज
सुनना
सुनना
(e) इनमें से कोई नहीं
Q12. गद्यांश के आधार पर कहा जा
सकता है कि बच्चे बहुत जल्द ऊब जाते हैं –
सकता है कि बच्चे बहुत जल्द ऊब जाते हैं –
(a) यदि उनको एक ही सामान खेलने
के लिए बार-बार दिया जाए
के लिए बार-बार दिया जाए
(b) यदि उनको एक ही कार्य बार-बार
करना पड़े
करना पड़े
(c) यदि उनको एक ही स्थान पर अधिक
देर तक रखा जाए
देर तक रखा जाए
(d) यदि उनको एक ही चीज बार-बार
खाने को दी जाए
खाने को दी जाए
(e) उपर्युक्त सभी
Q13. बच्चे अपने आस-पास की
गतिविधियों से संबधित प्रश्नों का उत्तर कैसे देते है ?
गतिविधियों से संबधित प्रश्नों का उत्तर कैसे देते है ?
(a) अपने माता-पिता से पूछकर
(b) पुस्तक में पढ़कर
(c) अपनी कल्पनाशक्ति द्वारा
(d) अपनी बुद्धिमत्ता से
(e) इनमे से कोई नहीं
Q14. गद्यांश के अनुसार बच्चों
द्वारा बड़ों से प्रश्न पूछना किस प्रकार की क्रिया है ?
द्वारा बड़ों से प्रश्न पूछना किस प्रकार की क्रिया है ?
(a) जटिल
(b) विवेकपूर्ण
(c) बुद्धिमत्तापूर्ण
(d) स्वाभाविक
(e) अस्वाभाविक
Q15. उपर्युक्त गद्यांश का शीर्षक
हो सकता है –
हो सकता है –
(a) होनहार बच्चों के गुण
(b) बुद्धिमान बच्चों के
कार्यकलाप
कार्यकलाप
(c) बच्चे की स्वाभाविक रचना
(d) बच्चे के स्वाभाविक गुण
(e) बच्चे की रचनात्मक क्षमता
Answers
S1. Ans.(d)
S2. Ans.(b)
S3. Ans.(e)
S4. Ans.(d)
S5. Ans.(c)
S6. Ans.(e)
S7. Ans.(e)
S8. Ans.(a)
S9. Ans.(d)
S10. Ans.(a)
S11. Ans.(d)
S12. Ans.(e)
S13. Ans.(c)
S14. Ans.(d)
S15. Ans.(e)







